
नईदुनिया प्रतिनिधि, भिलाई: जिले में जनगणना का प्रथम चरण एक मई से शुरू हो गया। प्रथम चरण में मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना (एलएचओ) का कार्य किया जा रहा है। वार्ड की सीमाओं व भवनों के नंबर का मिलान करने में ही प्रगणकों के पसीने छूट जा रहे हैं। शांति नगर वार्ड में वार्ड क्रमांक ही गलत लिख दिया गया है। वहीं कई मकान ऐसे हैं जिनमें एक से अधिक दरवाजे हैं वहां अलग अलग नंबरिंग कर दी गई है।
मानिटरिंग के अभाव में यह स्थिति बनी है। राष्ट्रीय महत्व के इस अभियान में इस तरह की लापरवाही को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
जनगणना 2027 के लिए 16 से 30 अप्रैल तक स्व गणना का कार्य किया गया। इसके बाद अब पहले चरण में 30 मई तक मकानों की सूचीकरण व गणना का काम शुरू कर दिया गया है। दुर्ग जिले में चार हजार से अधिक अधिकारी कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। जो घर-घर पहुंचकर जनगणना का कार्य कर रहे हैं।
वर्तमान में प्रगणकों जो क्षेत्र दिया गया है वे वहां पहुंचकर जनप्रतिनिधियों व नागरिकों से क्षेत्र की सीमाओं के बारे में जानकारी लेने के साथ मकानों का नक्शा (एचएलबी) के चौहद्दी का मिलान करने के साथ गणना करने में लग गए हैं। रविवार को भी प्रगणक इस कार्य में लगे रहे। मौसम को देखते हुए प्रगणक सुबह व शाम को घरों का सर्वे कर रहे हैं। इस दौरान नंबरिंग व अन्य दिक्कतों की वजह से वे सही नक्शा नहीं बना पा रहे हैं जिसके आधार पर पूरी जनगणना होनी है। कुछ जगहों पर एचएलबी के साथ मकान नंबर की सूची न मिलने की भी शिकायतें आई हैं।
भिलाई चरोदा निगम क्षेत्र के वार्ड क्रमांक आठ शांति नगर में कई मकानों में वार्ड का नंबर 17 लिख दिया गया। वार्ड परीसीमन के पूर्व में वार्ड का नंबर 17 था। इस नंबर के आधार पर मकान का नंबर भी गलत हो गया। जब प्रगणक इस वार्ड में पहुंचे तो नंबर के आधार पर नक्शा तैयार करने भटकते रह गए। जब गलती सामने आई तो आनन फानन में वार्ड का नंबर एवं मकान का नंबर सुधारने का काम किया गया। नंबरिंग व नक्शा काटने के दौरान मानिटरिंग के अभाव में यह स्थिति बनी।
चरोदा के इंदिरा नगर वार्ड में एक मोहल्ले में एक ओर रेलवे कालोनी रोड तो पीछे की ओर एक अन्य रोड है। वार्ड पार्षद एवं एमआइसी सदस्य मोहन साहू ने बताया कि एक ही मकान में दोनों रोड की ओर अलग अलग नंबरिंग कर दी गई है। इसी तरह की विसंगति वार्ड क्रमांक 11 विद्युत मंडल वार्ड में भी देखने मिली। वार्ड के पार्षद राम खिलावन ने बताया कि उनके वार्ड में ब्लाक इस तरह से काटा गया कि एक छोर से दूसरे छोर तक एक लय में नंबर नहीं मिल रहे हैं, प्रगणक परेशान हो रहे हैं।