
नईदुनिया प्रतिनिधि, भिलाई। छत्तीसगढ़ के भिलाई में पुलिस ने ब्रांडेड कंपनियों के नाम पर चल रहे बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा किया है। दुर्ग पुलिस ने इंदिरा मार्केट स्थित एक दुकान में दबिश देकर टाइटन और फास्ट्रैक जैसी कंपनियों के नाम पर नकली घड़ियां बेचने वाले दुकानदार को रंगे हाथों धर दबोचा। पुलिस की इस कार्रवाई से बाजार में हड़कंप मच गया है।
पुलिस के अनुसार, टाइटन और फास्ट्रैक कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधि गौरव तिवारी ने दुर्ग पुलिस से शिकायत की थी कि इंदिरा मार्केट स्थित सत कबीर वाच सेंटर में उनकी कंपनियों के ट्रेडमार्क का दुरुपयोग कर नकली सामान बेचा जा रहा है। इस शिकायत को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने तुरंत एक विशेष टीम का गठन किया और दुकान पर औचक छापा मारा। जांच के दौरान दुकान के भीतर से बड़ी मात्रा में फर्जी उत्पाद बरामद किए गए।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने दुकान की तलाशी ली तो वहां से टाइटन और फास्ट्रैक ब्रांड की कुल 280 नकली घड़ियां बरामद हुईं। इसके अलावा घड़ियों पर लगाने वाले 275 नकली टैग भी पुलिस के हाथ लगे। पुलिस ने मौके से दुकान के संचालक कमलेश निर्मलकर (41), निवासी पंचशील नगर दुर्ग को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपित का मोबाइल फोन भी जब्त कर लिया है, जिससे यह पता लगाया जा रहा है कि वह यह नकली माल कहां से मंगवाता था और इसके तार कहां-कहां जुड़े हैं।
प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपित ग्राहकों को असली ब्रांड का झांसा देकर कम कीमत पर नकली घड़ियां बेच रहा था। इससे न सिर्फ कंपनियों को आर्थिक नुकसान हो रहा था, बल्कि ग्राहकों के साथ भी धोखा किया जा रहा था। इस मामले में दुर्ग कोतवाली थाने में कॉपीराइट अधिनियम की प्रासंगिक धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि इस अवैध कारोबार में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।