कोरबा में बाढ़ का खतरा: हसदेव नदी का जलस्तर बढ़ने से निचली बस्तियों में जलभराव, प्रभावितों को भेजा गया शेल्टर केंद्र
लगातार बारिश और बांगो बांध का पानी छोड़े जाने से कोरबा में हसदेव नदी का जलस्तर बढ़ गया है, जिससे निचली बस्तियों में जलभराव होने लगा है। निगम आयुक्त आश...और पढ़ें
Publish Date: Tue, 18 Aug 2026 10:04:25 AM (IST)Updated Date: Tue, 18 Aug 2026 10:04:25 AM (IST)
प्रभावितों से चर्चा करते निगम आयुक्त आशुतोष पांडेयHighLights
- बांगो बांध का पानी छोड़ने और बारिश से हसदेव नदी का बढ़ा जलस्तर।
- सीतामणी, इमलीडुग्गू और कलमीडुग्गू में पहुंचकर अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश।
- राखड़युक्त पानी से नाले जाम होने की शिकायत पर प्रबंधन को दी गई हिदायत।
नईदुनिया प्रतिनिधि, कोरबा: लगातार बारिश और बांगो बांध से छोड़े जा रहे पानी के कारण हसदेव नदी का जलस्तर बढ़ने से शहर की निचली बस्तियों में जलभराव की स्थिति बनने लगी है। इसे देखते हुए नगर पालिक निगम आयुक्त आशुतोष पांडेय ने सोमवार को सीतामणी, इमलीडुग्गू, कलमीडुग्गू सहित नदी किनारे और निचले क्षेत्रों का सघन दौरा किया। उन्होंने बस्तीवासियों से मुलाकात कर जलभराव की स्थिति की जानकारी ली और अधिकारियों को सतर्क रहने के निर्देश दिए।
आयुक्त ने कहा कि जलभराव की स्थिति बनने पर तत्काल बचाव और राहत कार्य शुरू किया जाए। प्रभावित परिवारों को सुरक्षित रूप से शेल्टर केंद्रों तक पहुंचाने के साथ वहां रहने, भोजन और अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने बस्तीवासियों से भी जलभराव की स्थिति में सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की।
कलमीडुग्गू में बस्तीवासियों ने आयुक्त को बताया कि सीएसईबी प्लांट से बहकर आने वाला राखड़युक्त पानी नाले में जमा हो रहा है। इससे नाले की जल निकासी प्रभावित होने के कारण बस्ती में जलभराव की स्थिति बन रही है। आयुक्त ने तत्काल जल निकासी की व्यवस्था करने और सीएसईबी प्रबंधन को राखड़युक्त पानी नाले में नहीं छोड़ने की कड़ी हिदायत देने के निर्देश दिए।
प्रधानमंत्री आवास में शिफ्ट होने का विकल्प नदी किनारे और जलभराव वाले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों से आयुक्त ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत निर्मित खाली मकानों में शिफ्ट होने की अपील की। उन्होंने बताया कि कई आवास अभी रिक्त हैं और उनका आबंटन होना बाकी है। निर्धारित न्यूनतम राशि जमा कर नियमानुसार आबंटन लिया जा सकता है। निगम जरूरत पड़ने पर बैंक ऋण दिलाने में भी सहयोग करेगा।
11 शेल्टर केंद्र तैयार निगम ने प्रभावित परिवारों के लिए 11 शेल्टर केंद्र तैयार किए हैं। इनमें सीतामणी, मिशन रोड, रानी गेट, लालघाट, जोगियाडेरा, कबीर भवन, सुमेधा स्कूल, एसईसीएल स्कूल और प्रेमनगर सहित अन्य स्थान शामिल हैं। आवश्यकता पड़ने पर प्रियदर्शनी इंदिरा स्टेडियम को मुख्य शेल्टर केंद्र के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा। निगम की ओर से पिछले दो दिनों से प्रभावित और संभावित जलभराव वाले क्षेत्रों में लगातार मुनादी कराकर लोगों से मकान खाली करने की अपील की जा रही है।