
अंजली तोमर, भोपाल। भारतीय रेलवे में तकनीकी क्षेत्र में अपना करियर बनाने का सपना देख रहे युवाओं के लिए एक अच्छी खबर है। रेलवे भर्ती बोर्ड (आरआरबी) ने बहुप्रतिष्ठित जूनियर इंजीनियर (जेई) भर्ती परीक्षा 2026 के लिए विस्तृत अधिसूचना जारी करते हुए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस भर्ती के तहत कुल 4,029 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी। इच्छुक अभ्यर्थी रेलवे भर्ती बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट rrbcdg.gov.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
महत्वपूर्ण तिथियां
आवेदन शुरू: 14 अगस्त 2026
आवेदन की अंतिम तिथि: 13 सितंबर 2026
शुल्क भुगतान की अंतिम तिथि: 15 सितंबर 2026
आवेदन सुधार की अवधि: 16 से 25 सितंबर 2026
शैक्षणिक योग्यता
अभ्यर्थी के पास 13 सितंबर 2026 तक किसी मान्यता प्राप्त संस्थान/विवि. से संबंधित निर्धारित शैक्षणिक या तकनीकी योग्यता होना आवश्यक है।
-जूनियर इंजीनियर (जेई): संबंधित इंजीनियरिंग शाखा में 3 वर्षीय डिप्लोमा या बीई/बीटेक, जैसे सिविल, मैकेनिकल, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रानिक्स आदि।
-जूनियर इंजीनियर (सूचना प्रौद्योगिकी): पीजीडीसीए, बीएससी कंप्यूटर साइंस, बीसीए, बीई/बीटेक आईटी/कंप्यूटर साइंस या 3 वर्षीय डीओईएसीसी ‘बी’ लेवल कोर्स।
-डिपो मैटेरियल सुपरिंटेंडेंट (डीएमएस): मान्यता प्राप्त संस्थान/विवि. से इंजीनियरिंग में डिप्लोमा या डिग्री।
-केमिकल एवं मेटलर्जिकल असिस्टेंट (सीएमए): भौतिकी एवं रसायन विज्ञान के साथ विज्ञान में स्नातक डिग्री तथा न्यूनतम 55% अंक।
आवेदन शुल्क
सामान्य / ओबीसी / ईडब्ल्यूएस: 500 रुपये
एससी / एसटी / ईबीसी: 250 रुपये
सभी वर्ग की महिला अभ्यर्थी: 250 रुपये
शुल्क वापसी
प्रथम चरण की कंप्यूटर आधारित परीक्षा में शामिल होने के बाद
सामान्य / ओबीसी: 400 रुपये वापस
अन्य अभ्यर्थी: 250 रुपये वापस
भुगतान का माध्यम: आनलाइन
आयु सीमा
01 जनवरी 2027 के अनुसार न्यूनतम आयु: 18 वर्ष
अधिकतम आयु: 33 वर्ष
रिक्तियों का विवरण
सामान्य: 1,714
ईडब्ल्यूएस: 397
ओबीसी: 920
एससी: 632
एसटी: 366
कुल: 4,029 पद
वेतन
वेतन स्तर: लेवल-6, 7वें वेतन आयोग के अनुसार
मूल वेतन: 35,400 रुपये
चयन प्रक्रिया
प्रथम चरण कंप्यूटर आधारित परीक्षा
द्वितीय चरण कंप्यूटर आधारित परीक्षा
दस्तावेज सत्यापन
चिकित्सा परीक्षण
परीक्षा पैटर्न
प्रथम चरण - सीबीटी-1
समय: 90 मिनट
दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए लेखक सुविधा: 120 मिनट
कुल प्रश्न: 100
कुल अंक: 100
गणित - 30 प्रश्न, 30 अंक
सामान्य बुद्धिमत्ता एवं तर्कशक्ति - 25 प्रश्न, 25 अंक
सामान्य जागरूकता - 15 प्रश्न, 15 अंक
सामान्य विज्ञान - 30 प्रश्न, 30 अंक
द्वितीय चरण - सीबीटी-2
समय: 120 मिनट
कुल प्रश्न: 150
कुल अंक: 150
सामान्य जागरूकता - 15 प्रश्न
भौतिकी एवं रसायन विज्ञान - 15 प्रश्न
कंप्यूटर एवं अनुप्रयोग - 10 प्रश्न
पर्यावरण एवं प्रदूषण नियंत्रण - 10 प्रश्न
तकनीकी योग्यता - 100 प्रश्न
नकारात्मक अंकन
प्रत्येक गलत उत्तर के लिए 1/3 अंक काटा जाएगा।
न्यूनतम अर्हता अंक
सामान्य - 40%
ईडब्ल्यूएस - 40%
ओबीसी (एनसीएल) - 30%
एससी - 30%
एसटी - 25%
वर्चुअल कैलकुलेटर
सीबीटी-2 के दौरान कंप्यूटर स्क्रीन पर वर्चुअल कैलकुलेटर उपलब्ध कराया जाएगा।
महत्वपूर्ण
सीबीटी-1 स्क्रीनिंग परीक्षा के रूप में होगा। सीबीटी-1 के सामान्यीकृत अंकों के आधार पर अभ्यर्थियों को सीबीटी-2 के लिए शार्टलिस्ट किया जाएगा।
परीक्षा की तैयारी करने के लिए कुछ सुझाव
एजुकेटर प्राची जैन बताती हैं कि सिर्फ पढ़ाई के घंटे बढ़ाने के बजाय तैयारी की गुणवत्ता बढ़ाएं। अवधारणा की स्पष्टता पिछले वर्षों के प्रश्न अभ्यास माक टेस्ट विश्लेषण रिवीजन को अपनी तैयारी का हिस्सा बनाएं।
- आरआरबी जेई 2026 की तैयारी कर रहे अभ्यर्थी के लिए सिर्फ पढ़ाई के घंटे बढ़ाने के बजाय अपनी तैयारी की गुणवत्ता बढ़ाएं।
- सीबीटी-1 में गणित, रीजनिंग, सामान्य जागरूकता और सामान्य विज्ञान पर मजबूत पकड़ बनाना जरूरी है। वहीं सीबीटी-2 में तकनीकी विषय सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसलिए शुरुआत से ही टेक्नीकल सब्जेक्ट को पर्याप्त समय दें और साथ-साथ सीबीटी-1 के विषयों की नियमित तैयारी करते रहें।
- पूरे सिलेबस को एक साथ देखकर दबाव न लें। रोजाना और साप्ताहिक लक्ष्य बनाएं और उन्हें लगातार पूरा करें।
- अपनी ब्रांच के सिलेबस को टापिक-वाइज पूरा करें। हर टापिक की अवधारणा स्पष्ट करने के बाद एमसीक्यू और पिछले वर्षों के प्रश्न जरूर हल करें।
- श्रृंखला, कोडिंग-डिकोडिंग, सिलाजिज्म, दिशा ज्ञान, रक्त संबंध, समानता, वर्गीकरण और पजल जैसे टापिक्स की नियमित प्रैक्टिस करें।
- सिर्फ फार्मूले याद न करें, बल्कि उनका सही इस्तेमाल समझें। समय निर्धारित करके प्रश्न हल करने का अभ्यास करें।
- विज्ञान के मूलभूत सिद्धांतों को मजबूत करें और सामान्य जागरूकता के लिए महत्वपूर्ण समसामयिक घटनाओं का नियमित अध्ययन एवं रिवीजन करें।
- पिछले वर्षों के प्रश्न केवल हल न करें, बल्कि उनका विश्लेषण भी करें। इससे प्रश्नों के पैटर्न, कठिनाई स्तर और महत्वपूर्ण टापिक्स को समझने में मदद मिलेगी।
- सिर्फ माक टेस्ट देना पर्याप्त नहीं है। हर टेस्ट के बाद अपनी गलतियों का विश्लेषण करें-अवधारणा की गलती, गणना की गलती, जल्दबाजी की गलती या समय प्रबंधन की समस्या।
- जो प्रश्न गलत हुए हैं, उन्हें अलग से नोट करें और हर सप्ताह उनका रिवीजन करें। आपकी गलतियां आपकी सबसे बड़ी सीख बन सकती हैं।
- नए टापिक पढ़ने के साथ पुराने टापिक्स को भी दोहराते रहें। फार्मूला, शार्ट नोट्स और महत्वपूर्ण अवधारणाओं का नियमित रिवीजन करें।
- परीक्षा में केवल ज्ञान ही नहीं, बल्कि गति और सटीकता भी महत्वपूर्ण है। इसलिए टाइमर लगाकर प्रश्न हल करने की आदत अभी से विकसित करें।
- सबसे जरूरी-दूसरों की तैयारी देखकर बार-बार अपनी रणनीति न बदलें। अपनी ताकत और कमजोरियों को पहचानें और उसी के अनुसार अपनी तैयारी की रणनीति बनाएं।
- आरआरबी- जेई की तैयारी में सिर्फ मेहनत नहीं, सही दिशा में की गई लगातार मेहनत आपको सफलता के करीब ले जाती है।
-प्राची जैन, एजुकेटर