
मनोरंजन डेस्क। बॉलीवुड में कुछ जोड़ियां ऐसी होती हैं, जिनकी केमिस्ट्री पर्दे पर ही नहीं, पर्दे के पीछे भी खास होती है। तब्बू और अजय देवगन की दोस्ती भी ऐसी ही है। दोनों ने कई फिल्मों में साथ काम किया है, लेकिन इनका रिश्ता फिल्मी सेट से शुरू नहीं हुआ था। दोनों एक-दूसरे को तब से जानते हैं, जब वे फिल्म इंडस्ट्री का हिस्सा भी नहीं बने थे। तब्बू के जन्मदिन पर उनकी और अजय की दोस्ती से जुड़ा एक ऐसा किस्सा चर्चा के लायक है, जिसे सुनकर आप भी मुस्कुरा देंगे।
तब्बू ने एक पुराने इंटरव्यू में मजाकिया अंदाज में बताया था कि बचपन में अजय देवगन और उनके कजिन समीर आर्या उन पर नजर रखते थे। दोनों इस बात का ध्यान रखते थे कि कोई लड़का तब्बू से बात न करे। अगर कोई उनसे बात करता दिखता, तो वे उसे पीटने की धमकी तक दे देते थे।
तब्बू ने हंसते हुए कहा था कि अगर आज वह सिंगल हैं, तो इसकी वजह अजय हैं। उन्होंने यह भी मजाक किया था कि अब अजय को उनके लिए कोई अच्छा लड़का ढूंढना चाहिए।
दिलचस्प बात यह है कि अजय ने भी एक इंटरव्यू में बताया था कि वह तब्बू को 13-14 साल की उम्र से जानते हैं। दोनों की दोस्ती में इतनी सहजता है कि वे एक-दूसरे से बिना किसी औपचारिकता के बात कर सकते हैं।
तब्बू और अजय ने पहली बार 1994 की फिल्म ‘विजयपथ’ में साथ काम किया था। इस फिल्म के गाने ‘रुक रुक रुक’ ने तब्बू को खूब लोकप्रियता दिलाई। लेकिन इस गाने की शूटिंग उनके लिए आसान नहीं थी। तब्बू ने एक इंटरव्यू में बताया था कि गाने की शूटिंग के दौरान उनके पैर का लिगामेंट फट गया था, इसके बावजूद उन्होंने दर्द के साथ डांस किया।
यह भी कहा जाता है कि ‘विजयपथ’ में तब्बू पहली पसंद नहीं थीं। पहले यह भूमिका दिव्या भारती को ऑफर हुई थी। उनके निधन के बाद यह किरदार तब्बू को मिला। इस फिल्म ने उनके करियर को नई पहचान दी।
दोनों ने ‘हकीकत’, ‘तक्षक’, ‘दृश्यम’, ‘गोलमाल अगेन’, ‘दे दे प्यार दे’, ‘दृश्यम 2’ और ‘भोला’ जैसी फिल्मों में साथ काम किया है। तब्बू के मुताबिक, अजय के साथ काम करते समय उन्हें ऐसा नहीं लगता कि वह किसी सह-कलाकार के साथ शूटिंग कर रही हैं। दोनों की दोस्ती इतनी पुरानी है कि सेट पर भी वही पुराना अपनापन बना रहता है।
तब्बू ने यह भी बताया था कि अजय बचपन से ही फिल्मों के शौकीन थे और अभिनेता बनने के बजाय डायरेक्टर बनना चाहते थे। वह छोटी-छोटी फिल्में भी बनाया करते थे।
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