नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। जनता की शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए शुरू की गई मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में भोपाल जिले की बड़ी संख्या में शिकायतें महीनों से अटकी हुई हैं।जिले में वर्तमान में 20 हजार 835 शिकायतें लंबित हैं। इनमें 8903 शिकायतें ऐसी हैं, जो 50 दिन से अधिक पुरानी हो चुकी हैं।
कलेक्टर प्रियंक मिश्रा के निर्देशन में हुई बैठक में जिला पंचायत सीईओ इला तिवारी, अपर कलेक्टर प्रकाश नायक, पीसी शाक्य, महेंद्र कवचे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद थे।
3628 शिकायतें लंबित
जानकारी के अनुसार अगस्त में भोपाल जिले में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर 16 हजार 818 शिकायतें दर्ज हुई थीं। इनमें से 13 हजार 190 शिकायतों का निराकरण किया गया, लेकिन 3628 शिकायतें अब भी लंबित हैं।
लंबित शिकायतों के बढ़ते आंकड़े को लेकर सोमवार को कलेक्टर कार्यालय में हुई समय-सीमा पत्रों की समीक्षा बैठक में अपर जिलाधिकारी सुमित पांडेय ने अधिकारियों को शिकायतों का त्वरित और गुणवत्तापूर्ण निराकरण करने के निर्देश दिए हैं।
एडीएम ने अधिकारियों से कहा कि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन की शिकायतों को केवल औपचारिकता के तौर पर बंद न किया जाए, बल्कि शिकायतकर्ता की समस्या का वास्तविक समाधान सुनिश्चित किया जाए।
इसके साथ ही जन विश्वास शिविर में प्राप्त शिकायतों का भी निर्धारित समय-सीमा में निराकरण करने के निर्देश दिए गए।
सेवा संकल्प अभियान की भी समीक्षा
बैठक में सेवा संकल्प अभियान के तहत होने वाली गतिविधियों की भी समीक्षा की गई। एडीएम ने अधिकारियों को निर्धारित कार्यक्रम व्यवस्थित ढंग से आयोजित करने तथा गतिविधियों के फोटो-वीडियो जिला प्रशासन को भेजने के निर्देश दिए। साथ ही जनकल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियों का प्रमाणिक डाटाबेस उपलब्ध कराने को कहा।
बैठक में भारतीय डाक विभाग के प्रतिनिधियों ने डाक जीवन बीमा, ग्रामीण डाक जीवन बीमा और सुकन्या समृद्धि योजना सहित सामाजिक सुरक्षा एवं बचत योजनाओं की जानकारी अधिकारियों को दी।