भोपाल में BJP की जन आक्रोश महिला पद यात्रा में जुटे मंत्री-सांसद, कांग्रेस पर लगाया महिलाओं के अपमान का आरोप
भोपाल में भाजपा महिला मोर्चा ने महिला आरक्षण बिल पर विपक्ष के विरोध के खिलाफ जन आक्रोश पदयात्रा निकाली। सीएम मोहन यादव सहित कई नेताओं ने भाग लिया। ...और पढ़ें
Publish Date: Mon, 20 Apr 2026 12:08:51 PM (IST)Updated Date: Mon, 20 Apr 2026 12:37:24 PM (IST)
भाजपा महिला मोर्चा की ओर से जन आक्रोश महिला पदयात्रा का आयोजन। (फोटो- नईदुनिया प्रतिनिधि)HighLights
- भोपाल में महिला मोर्चा की जन आक्रोश पदयात्रा आयोजित
- महिला आरक्षण बिल विरोध के खिलाफ प्रदर्शन किया गया
- मुख्यमंत्री मोहन यादव कार्यक्रम में शामिल हुए भोपाल
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। राजधानी भोपाल में सोमवार को आयोजित भाजपा महिला मोर्चा की जन आक्रोश महिला पदयात्रा में राजनीतिक माहौल पूरी तरह गरमा गया। इस कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस पर महिलाओं के अधिकारों के खिलाफ काम करने और उनके अपमान का आरोप लगाया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के सशक्तिकरण का जो सपना देखा गया था, उसे कांग्रेस और विपक्षी नेताओं ने कुचलने का काम किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी जैसे नेताओं की सोच महिला विरोधी रही है। खंडेलवाल ने कहा कि महिलाओं के सपनों को तोड़ने का अधिकार कांग्रेस को किसने दिया, यह सवाल हर घर तक पहुंचाया जाएगा।
उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस द्वारा किए गए महिला अपमान का जवाब अब देश की महिलाएं खुद देंगी और यह जन आक्रोश आगे भी जारी रहेगा।
मोहन यादव का तीखा बयान
- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने संबोधन में कहा कि आज की लड़ाई केवल कांग्रेस से है, उन सभी विपक्षी दलों से है, जो महिलाओं के अधिकारों पर डाका डालने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा हमेशा महिलाओं के हक की लड़ाई में उनके साथ खड़ी रही है।
- सीएम यादव ने कहा कि नारी अपना अपमान कभी नहीं भूलती और महिला आरक्षण विधेयक को लेकर सरकार की ओर से पूरी कोशिश की गई थी, लेकिन आवश्यक बहुमत न मिलने के कारण यह पारित नहीं हो सका। उन्होंने विपक्ष पर आरोप लगाते हुए कहा कि देश की आधी आबादी के अधिकारों का अपमान करने वालों को कभी बख्शा नहीं जाएगा।
विपक्ष पर तीखा हमला और राजनीतिक चेतावनी
भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने महिलाओं के अधिकारों के खिलाफ काम किया है। कार्यक्रम में यह भी कहा गया कि आने वाले समय में विपक्ष के “कच्चे चिट्ठे” जनता के सामने लाए जाएंगे। नगरीय निकायों में निंदा प्रस्ताव पारित कराने और विधानसभा सत्र में मुद्दा उठाने की बात भी कही गई।
जन आक्रोश को आंदोलन का रूप देने की तैयारी
- भाजपा महिला मोर्चा ने इस पदयात्रा को महिलाओं के सम्मान की लड़ाई बताया। नेताओं ने कहा कि यह केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि एक व्यापक आंदोलन है, जिसे देशभर में ले जाया जाएगा। कार्यक्रम के अंत में “बहनों के हक की लड़ाई” का संकल्प दोहराया गया और राजनीतिक संघर्ष तेज करने का आह्वान किया गया।
- भोपाल के एमवीएम कॉलेज ग्राउंड में सोमवार को भाजपा महिला मोर्चा की ओर से जन आक्रोश महिला पदयात्रा का आयोजन किया गया। यह पदयात्रा महिला आरक्षण विधेयक पर कांग्रेस सहित विपक्षी दलों के विरोध के खिलाफ निकाली गई। इस अवसर पर छह विशेष रथ तैयार किए गए, जिनके साथ पैदल मार्च भी किया गया।
- कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी शामिल हुए और उन्होंने महिला सशक्तिकरण के समर्थन में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। यात्रा में मंत्री निर्मला भूरिया, संपतिया उइके, राज्य मंत्री कृष्णा गौर, प्रतिमा बागरी, राधा सिंह, लता वानखेड़े, कविता पाटीदार, माया नारोलिया और सुमित्रा वाल्मीकि सहित कई महिला जनप्रतिनिधि मौजूद रहीं।
यह विरोध लोकसभा में 17 अप्रैल को महिला आरक्षण से जुड़े 131वें संविधान संशोधन बिल के पारित न होने के बाद सामने आया है। इस विधेयक में लोकसभा सीटों को 543 से बढ़ाकर 816 करने और महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रस्ताव था, जिसे पारित होने के लिए आवश्यक 352 वोट नहीं मिल सके। मातृशक्ति देगी इसका जवाब
बीजेपी महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष अश्विनी परांजपे ने कहा कि कांग्रेस नेताओं ने इस विधेयक के गिरने पर जश्न मनाकर महिलाओं का अपमान किया है। उन्होंने कहा कि मातृशक्ति इसका जवाब देगी और अब याचना नहीं, रण होगा।