
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। देश की राजधानी दिल्ली में कांग्रेस के शीर्ष नेता और सांसद राहुल गांधी की पुलिस द्वारा की गई गिरफ्तारी के विरोध में मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में सियासी पारा अचानक चढ़ गया। दिल्ली में हुई इस कार्रवाई के विरोध में प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं ने राज्य स्तर पर आक्रामक रुख अपनाते हुए भोपाल में पुरजोर प्रदर्शन किया।
राष्ट्रीय स्तर पर घटित इस राजनीतिक घटनाक्रम के विरोध में मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के शीर्ष नेतृत्व ने राजधानी में तत्काल विरोध प्रदर्शन का मोर्चा संभाला। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और मध्य प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार की अगुआई में पार्टी का एक बड़ा प्रतिनिधिमंडल सड़कों पर उतरा।
पार्टी के तमाम अन्य वरिष्ठ पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने अरेरा हिल्स स्थिति मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) कार्यालय के समक्ष पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया। नेताओं ने कार्यालय परिसर के ठीक बाहर बैठकर शांतिपूर्ण धरना दिया और केंद्र सरकार व पुलिस प्रशासन की कार्रवाई के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया।
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धरना प्रदर्शन के दौरान मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय परिसर के आसपास भारी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित रहे। प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के साथ पार्टी संगठन के कई प्रमुख चेहरों ने एक सुर में दिल्ली में राहुल गांधी के खिलाफ हुई कार्रवाई को अलोकतांत्रिक करार दिया।
नेताओं ने विरोध स्वरूप जमकर नारेबाजी की और निष्पक्ष चुनावी प्रक्रियाओं व लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए अपनी आवाज उठाई। अरेरा हिल्स पर हुए इस अचानक प्रदर्शन के कारण क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को भी चौकस कर दिया गया।