
नईदुनिया प्रतिनिधि, बुरहानपुर/खंडवा। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शनिवार को खंडवा जिले के पंधाना में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में लाडली बहना योजना की 33वीं किश्त जारी की। इस दौरान उन्होंने प्रदेश की 1.25 करोड़ लाड़ली बहनों के खातों में 1836 करोड रुपये की राशि सिंगल क्लिक से ट्रांसफर की।
इसके पहले बुरहानपुर उन्होंने मिनी एयरपोर्ट बनाने और फसल प्रोसेसिंग यूनिट लगाने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने 698 करोड़ के विकास कार्यों का भूमिपूजन व लोकार्पण भी किया।
उन्होंने कहा कि बुरहानपुर में जल्द ही इंडस्ट्रियल कान्क्लेव आयोजित किया जाएगा। इससे जिले में नए उद्योग आएंगे, रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। सीएम ने इस दौरान रोड शो कर जनता पर पुष्पवर्षा की। जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट व सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल भी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने पंधाना और खंडवा क्षेत्र के लिए 252 करोड़ के विकास कार्यों का भूमिपूजन और 352.41 करोड़ के कार्यों का लोकार्पण किया। उन्होने कहा कि मां अहिल्या के शासन काल की तरह भाजपा सरकार भी सनातन संस्कृति व धार्मिक स्थलों का संरक्षण व संवर्धन करने के लिए प्रयासरत है।
ओंकारेश्वर के एकात्मधाम में तीन हजार करोड़ के कार्य चल रहे हैं। ओंकारेश्वर और उज्जैन प्रतिदिन हेलीकाप्टर से बड़ी संख्या में दर्शनार्थी पहुंच रहे हैं। जल्द ही खंडवा से ओंकारेश्वर के लिए ट्रेन सुविधा शुरू की जाएगी।
ओंकारेश्वर में स्टे होम निर्माण पर हरसंभव मदद की जाएगी। निमाड़ में भगोरिया बहुत अच्छा होता है। प्रदेश सरकार ने इसे राष्ट्रीय पर्व का दर्जा दिया है। इस बार मैं भी आऊंगा।
कार्यक्रम में विधायक छाया मोरे की मांग पर मुख्यमंत्री ने पंधाना तालाब नगर परिषद को हस्तांतरण, सुक्ता माइक्रो परियोजना व प्याज की प्रोसेसिंग यूनिट लगाने की घोषणाएं की।
विधायक मोरे ने मुख्यमंत्री का आदिवासी जाकेट, तीर कमान और भगवान श्रीकृष्ण की मूर्ति भेंटकर स्वागत किया। मंत्री विजय शाह भी मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिले के लोगों ने जिस तरह स्वागत किया है उससे वे अभिभूत हैं। किसानों के कल्याण के लिए उनकी सरकार प्रतिबद्ध है। हर खेत में पानी और हाथों को काम देने का संकल्प पूरा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व मेंं प्रदेश लगातार हर क्षेत्र में प्रगति कर रहा है।
इस दौरान मोहन यादव ने सामूहिक विवाहों को प्रोत्साहित करने का आह्वान भी किया। उन्होंने कहा कि स्वयं के पुत्र का विवाह भी उन्होंने सामूहिक विवाह में किया है। इससे अनावश्यक खर्चों को कम किया जा सकता है। सरकार विवाह का खर्च भी उठाएगी और प्रत्येक जोड़े को 55 हजार रुपये भी देगी।

कांग्रेसियों को भी मौका मिला पर विकास नहीं किया