
नईदुनिया प्रतिनिधि, बुरहानपुर। शहर के कई क्षेत्रों की चोक पड़ी नालियों के कारण सड़कों पर जलभराव की समस्या आम है। बुधवार को इसे लेकर पार्षदों का गुस्सा फूट पड़ा। लोहारमंडी क्षेत्र के पार्षद और नगर निगम के उप सभापति फहीम हाशमी सबसे पहले दोपहर करीब बारह बजे गंदे पानी से भरी सड़क पर बैठे।
इसके बाद आसपास के वार्ड चंद्रकला, आजाद नगर आदि के पार्षद हमीद डायमंड, बाबा भाई, पार्षद पति नवील ठेकेदार सहित अन्य नागरिक भी इस विरोध प्रदर्शन में शामिल हो गए।
उन्होंने नगर निगम प्रशासन और महापौर मुर्दाबाद के नारे लगाए। पार्षदों का कहना था कि जब तक महापौर माधुरी पटेल यहां नहीं आतीं तब तक वे धरने से नहीं उठेंगे।
पार्षदों ने आरोप लगाया कि बीते आठ माह से यह समस्या है। कई बार आयुक्त संदीप श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारियों से नालियों की सफाई और जल निकासी व्यवस्थित कराने का आग्रह किया, लेकिन किसी ने समस्या का समाधान नहीं किया।
लोहारमंडी क्षेत्र में यह समस्या केवल एक जगह नहीं है, बल्कि कई जगह इसी तरह सड़क पर नालियों का पानी भरा नजर आया। साथ ही क्षेत्र की नालियां मलबे से पटी नजर आईं। ज्ञात हो कि नाले-नालियों की सफाई के ठेके को लेकर समय-समय पर सवाल उठते रहे हैं। इसमें लापरवाही और मानीटरिंग नहीं होने की शिकायतें भी सामने आती रही हैं। लोहारमंडी की जो तस्वीर सामने आई है, वह इन आरोपों को सही साबित करती नजर आ रही है।
बीते सप्ताह हुई मानसून की पहली बरसात में शहर के करीब आधा दर्जन क्षेत्रों की सड़कें तालाब बन गई थीं। कहीं एक से डेढ़ फीट तो कहीं दो फीट से ज्यादा पानी भर गया था। ये वो क्षेत्र थे जहां अधिकारियों की लापरवाही और अतिक्रमण के कारण नालियों की सफाई नहीं होने के कारण यह स्थिति बनी थी। यहां तक कि इस साल पहली बार गांधी चौक क्षेत्र की सड़कें भी डूबी थीं।