
नईदुनिया प्रतिनिधि, बुरहानपुर। शहर आने वाले देसी-विदेशी पर्यटक अब ताप्ती नदी के जैनाबाद तट से भी ताप्ती की लहरों और सूर्यास्त सहित अन्य खूबसूरत नजारे देख सकेंगे। यहां विधायक निधि से मिले करीब एक करोड़ रुपये से घाट और रिवर व्यू के लिए प्लेटफार्म तैयार करने का काम प्रारंभ कर दिया गया है।
ज्ञात हो कि अब तक जैनाबाद तट में एक भी पक्का घाट नहीं होने के कारण लोग सूर्यास्त का नजारा नहीं देख पाते थे। गत दिनों महाराणा प्रताप की जन्म जयंती पर बलवाड़ टेकरी पहुंचीं नेपा विधायक मंजू दादू से क्षेत्र के लोगों ने रिवर व्यू और घाट निर्माण की मांग रखी थी। जिसे स्वीकार करते हुए उन्होंने अपनी निधि से यह राशि दी है।
निर्माणाधीन घाट की लंबाई 43 फीट और चौड़ाई 32 मीटर होगी। इसके बेस से ऊपर नौ बड़ी सीढ़ियों का निर्माण किया जाएगा। इसके बाद रवर व्यू के लिए प्लेटफार्म और सड़क से उसमें पहुंचने के लिए सीढ़ियों का निर्माण किया जाएगा। इसकी ऊंचाई जैनाबाद पुल के आसपास यानी करीब चालीस फीट होगी। ठेकेदार के कर्मचारियों ने बताया कि निर्माण कार्य की मानीटरिंग जिला पंचायत के इंजीनियर कर रहे हैं। हालांकि मौके पर कोई इंजीनियर नजर नहीं आया। घाट का बेस बनाने के लिए बेहद पतले सरिया लगाए जा रहे हैं। जिससे इसकी गुणवत्ता और उम्र को लेकर अभी से सवाल उठने शुरू हो गए हैं। घाट के पास महाराणा प्रताप की प्रतिमा भी लगाई जानी है।
सूर्यपुत्री ताप्ती नदी के नागझिरी घाट, राजघाट, सतियारा घाट सहित अन्य घाटों को जोड़ने और पैदल इनका भ्रमण करने के लिए पाथ-वे बनाने की योजना भी तैयार की गई थी, लेकिन अब तक फाइलों से बाहर नहीं आ पाई है। यह पाथ-वे परिक्रमा करने वालों के लिए भी बेहतर विकल्प हो सकता था। इसके अलावा ताप्ती के राजघाट में रिवर फ्रंट और छोटे पुल के पास बोटिंग का प्रस्ताव भी तैयार किया गया था। स्थानीय विधायक अर्चना चिटनिस ने जल्द इस पर काम शुरू कराने का दावा किया था, लेकिन ये काम भी खटाई में पड़ गए हैं।
धरती की सबसे पवित्र नदियों में शामिल ताप्ती को अब तक प्रदूषण मुक्त नहीं बनाया जा सका है। एनजीटी और प्रदूषण नियंत्रण विभाग के निर्देश पर नगर निगम प्रशासन ने सीवरेज लाइन बिछाने और गंदे पानी को साफ करके छोड़ने की प्रक्रिया तो शुरू की है, लेकिन अभी चंद नाले ही इसमें शामिल हो पाए हैं। शेष नालों का पानी अब भी सीधे ताप्ती नदी में मिल रहा है। जिसके कारण गर्मी के मौसम में इसका पानी स्नान तो दूर आचमन के योग्य भी नहीं रह जाता।
Burhanpur News: ताप्ती और मोहना के संगम पर होगी बोटिंग, पार्क और पाथवे का भी होगा निर्माण