
डिजिटल डेस्क, दतिया। मध्य प्रदेश के दतिया विधानसभा उपचुनाव (Datia Election 2026) में गुरुवार को मतदान के बीच भाजपा और कांग्रेस के बीच सियासी बयानबाजी तेज हो गई। मतदान के दौरान दोनों दलों के नेताओं ने अपनी-अपनी जीत का दावा किया और एक-दूसरे पर आरोप लगाए।
भाजपा नेता नरोत्तम मिश्रा ने दतिया विधानसभा उपचुनाव में अपना वोट डालने के बाद कहा कि उनका उद्देश्य भारतीय जनता पार्टी को जीत दिलाना और दतिया का विकास करना है। उन्होंने कहा कि इसी सोच के साथ उन्होंने 'कमल' के पक्ष में मतदान किया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस बार अच्छी संख्या में मतदान होगा और जनता भाजपा के विकास कार्यों के समर्थन में वोट करेगी।
नरोत्तम मिश्रा ने मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीसीसी) अध्यक्ष जीतू पटवारी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कांग्रेस की पहचान चुनाव हारने के बाद आरोप लगाने की रही है। उनके अनुसार, कांग्रेस की ओर से लगाए जा रहे आरोप उसकी हताशा और निराशा को दर्शाते हैं। उन्होंने कहा कि जब भी कांग्रेस चुनाव हारती है, वह इसी तरह के आरोप लगाती है।
#WATCH | दतिया विधानसभा उपचुनाव | दतिया, मध्य प्रदेश | भाजपा नेता नरोत्तम मिश्रा ने कहा, "कांग्रेस का यही परिचय है कि जब वो हारती है तो कोई न कोई आरोप तो लगाती ही है। भाजपा और भाजपा के द्वारा किए गए विकास के पक्ष में जनता मतदान करेगी।"
मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के अध्यक्ष… pic.twitter.com/NNylo4RJuw
— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 30, 2026
भाजपा नेता ने कहा कि वह अपने पार्टी कार्यकर्ताओं को लगी चोटों को लेकर भावुक हुए थे, न कि चुनावी हार के कारण। उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने चुनाव नहीं हारा था, बल्कि उनका टिकट रद्द कर दिया गया था। उन्होंने कहा कि ऐसे में हार का सवाल ही नहीं उठता।
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दूसरी ओर, कांग्रेस उम्मीदवार घनश्याम सिंह ने दतिया उपचुनाव में ऐतिहासिक जीत का विश्वास जताया। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार मतदान के दौरान अशांति फैलाने की कोशिश कर रही है और जनता पूरी तरह कांग्रेस के साथ है।
घनश्याम सिंह ने दावा किया कि उन्हें बुधवार रात कई स्थानों पर पैसे और शराब बांटे जाने की शिकायतें मिलीं। उन्होंने कहा कि इन शिकायतों की जानकारी लगातार प्रशासन को दी गई और कांग्रेस कार्यकर्ता पूरी रात निगरानी करते रहे। उनके अनुसार, कुछ स्थानों पर कार्यकर्ताओं ने ऐसे लोगों को वहां से भगा भी दिया।