
नईदुनिया प्रतिनिधि, धार: धार की ऐतिहासिक भोजशाला का रविवार को कमिश्नर भास्कर लक्षकार ने करीब 29 मिनट तक निरीक्षण किया। उन्होंने भोजशाला के प्रवेश द्वार, गर्भगृह, हवन कुंड, स्तंभों पर बनी आकृतियों और छत का जायजा लिया। साथ ही भोजशाला के समीप खसरा नंबर 612 स्थित नमाज स्थल तक पहुंचकर वहां की व्यवस्थाएं भी देखीं।
निरीक्षण के दौरान कमिश्नर ने अधिकारियों से अलग-अलग स्थानों और यहां की व्यवस्थाओं को लेकर जानकारी ली। निरीक्षण की शुरुआत भोजशाला के मुख्य प्रवेश द्वार से हुई। कमिश्नर ने प्रवेश द्वार को बारीकी से देखा। इसके बाद कमाल मौलाना दरगाह की ओर जाने वाले रास्ते का निरीक्षण किया और कलेक्टर राजीव रंजन मीणा व एएसपी विजय डावर से इस मार्ग से जुड़ी जानकारी ली। इसके बाद वे भोजशाला के मुख्य प्रवेश द्वार के बाहरी हिस्से में पहुंचे, जहां नक्शा खोलकर परिसर की स्थिति देखी। वहीं मीडिया से चर्चा में कमिश्नर लक्षकार ने कहा कि सामान्य पुरातात्विक दृष्टि से भोजशाला का निरीक्षण किया है। कोई विशेष बात नहीं है।
इसके बाद कमिश्नर भोजशाला के अंदर पहुंचे। यहां उन्होंने हवन कुंड के बारे में जानकारी ली। अधिकारियों ने बताया कि सत्याग्रह या विशेष आयोजन के दौरान पूजा-अर्चना के बाद हिंदू समाज के लोग यहां आहुति डालते हैं। इसके बाद कमिश्नर गर्भगृह में पहुंचे। वहां मां वाग्देवी के चित्र के दर्शन कर प्रणाम किया। इस दौरान बाहरी क्षेत्र से मां वाग्देवी के दर्शन के लिए आए श्रद्धालुओं से भी उन्होंने बातचीत की। कमिश्नर ने श्रद्धालुओं से पूछा कि वे कहां से आए हैं। श्रद्धालुओं ने बताया कि वे मां वाग्देवी के दर्शन के लिए धार आए हैं।
भोजशाला के अंदर निरीक्षण के दौरान कमिश्नर ने स्तंभों पर बनी भगवान की आकृतियों को भी देखा। इसके बाद वे भोजशाला की छत पर पहुंचे। यहां करीब 8 मिनट तक अधिकारियों से चर्चा की और नमाज से जुड़ी व्यवस्था की जानकारी ली। छत से उन्होंने खसरा नंबर 612 के उस हिस्से को भी देखा, जहां वर्तमान में मुस्लिम समाज द्वारा नमाज अदा की जाती है। इस स्थान की स्थिति को उन्होंने ऊपर से भी देखा और अधिकारियों से संबंधित जानकारी ली। इस दौरान सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी नक्शा भी खोलकर देखा गया।
छत से नीचे आने के बाद कमिश्नर भोजशाला के मुख्य प्रवेश द्वार से बाहर निकले। इसके बाद वजूखाना और खिलजी की दरगाह क्षेत्र से होते हुए लक्कड़पीठा क्षेत्र पहुंचे। यहां वे खसरा नंबर 612 की जमीन पर स्थित नमाज स्थल तक गए और वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। पूरे निरीक्षण के दौरान प्रशासनिक अधिकारियों के साथ पुलिस बल भी मौजूद रहा। करीब 29 मिनट तक भोजशाला परिसर और आसपास के क्षेत्रों का निरीक्षण करने के बाद कमिश्नर ने अधिकारियों से आवश्यक जानकारी ली।
यह भी पढ़ें- भोजशाला में सड़क पर नमाज पढ़ने के लिए बिछा रहे थे बरसाती, प्रशासन ने रोका, फिर गूंजा हनुमान चालीसा का पाठ