
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। छावनी में नगर निगम द्वारा रोड चौड़ीकरण के लिए की गई तोड़फोड़ के खिलाफ शनिवार शाम कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन किया।
नेहरू प्रतिमा से कांग्रेस नेताओं की रैली निकली जो छावनी चौराहे पर सभा में बदल गई। दो दशक से भी ज्यादा समय के बाद पुराने व्यापारिक क्षेत्र छावनी में व्यापारियों ने कोई बड़ा विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस के इस विरोध प्रदर्शन को स्थानीय व्यापारियों और रहवासियों का समर्थन मिला।
मंच पर आकर क्षेत्र के व्यापारियों-रहवासियों ने भाषण दिए और सवाल उठाया कि उज्जैन में मकान-दुकान तोड़ने पर दोगुना मुआवजा दिया जा रहा है तो इंदौर में क्यों नहीं? करीब 500 कांग्रेसी कार्यकर्ता और रहवासी विरोध प्रदर्शन और रैली में शामिल हुए। छावनी चौराहे पर लगे मंच में निगम की कार्रवाई के तरीके और इसमें हुए पक्षपात के आरोप भी लगे।
मंच पर आए स्थानीय व्यापारी विवेक पाटनी, विक्की मित्तल, प्रतीक श्रीवास्तव ने कहा कि रोड चौड़ीकरण के लिए उनके पुरखों के बनाए मकान-दुकान छिन लिए गए। जमीन और संपत्ति सब हमारे पूर्वजों की थी न कि सरकारी। ऐसे में सरकार को मुआवजा देना होगा।
उज्जैन में दोगुना मुआवजा मिला है। किसानों की जमीन अधिग्रहण पर भी चार गुना मुआवजा दिया जाता है। तो फिर इंदौर के नागरिक और व्यापारियों को मुआवजा क्यों नहीं दिया जा रहा? छावनी में भी चार गुना मुआवजा दिया जाना चाहिए।
क्षेत्रीय रहवासियों ने कहा कि सत्ताधारी दल से जुड़े एक नेता की इमारत को कार्रवाई से छोड़ दिया गया। सिस्टम से उसे मदद दी गई जबकि सामान्य नागरिकों को स्टे लेने का मौका तक नहीं दिया गया। नगर निगम ने पहले कहा था 60 फीट चौड़ी सड़क होगी लेकिन कार्रवाई इतनी बेदर्दी से की गई कि पूरे के पूरे मकान ढहा दिए गए। यदि सड़क की चौड़ाई घटाई गई है तो 60 फीट चौड़ाई का गजट नोटिफिकेशन भी किया जाना चाहिए।
क्षेत्र के रहवासियों में डर दिखा कि अभी 60 फीट चौड़ी सड़क के हिसाब से वे टूटे मकानों को बनाते हैं तो आगे फिर कोई सनकी अफसर आया तो मास्टर प्लान की 80 फीट चौड़ी रोड का हवाला देकर उन्हें तोड़ देगा। छावनी वाले क्या इसी डर में जीते रहेंगे? जीपीओ से अर्जुन प्याऊ तक की सड़क के चौड़ीकरण के लिए भी 24 मीटर के हिसाब से नोटिस जारी कर दिए गए हैं। जबकि उसकी चौड़ाई 18 फीट मास्टर प्लान में है।
प्रदर्शन में शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे, जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन वानखेड़े, सत्यनारायण पटेल, प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष रीना बौरासी, पिंटू जोशी, राजेश चौकसे, गिरधर नागर, शैलेष गर्ग, शैलू सेन के साथ पार्षद रफीक खान, अनवर दस्तक, सोनिला मिमरोट, राजू भदौरिया, अंसाफ अंसारी और पूर्व शहर कांग्रेस अध्यक्ष विनय बाकलीवाल भी शामिल हुए।