
नईदुनिया प्रतिनिधि, महू (इंदौर) : पत्ती बाजार क्षेत्र में नलों से आ रहे दूषित पानी के कारण बीते 10 से 15 दिनों में 19 बच्चों सहित करीब 25 लोग पीलिया, टाइफाइड और अन्य बीमारियों से पीड़ित हो गए हैं। रहवासियों के अनुसार पानी में बदबू है और उबालने के बाद भी बर्तनों में गाद जम रही है।
सूचना मिलते ही एसडीएम राकेश परमार और तहसीलदार विवेक सोनी मौके पर पहुंचे। रहवासियों की शिकायत पर एसडीएम ने एक घर से पानी मंगवाकर स्वयं पीकर उसकी स्थिति जांची। उन्होंने जल प्रदाय व्यवस्था की प्राथमिक जांच कर संबंधित विभागों को निर्देश दिए। एसडीएम ने बताया कि शुक्रवार को नलों के पानी के सैंपल लेकर जांच कराई जाएगी।
चंदर मार्ग और मोतीमहल क्षेत्र में हालात ज्यादा खराब हैं। मोतीमहल में आदर्श (5), कृशु (4) और यथार्थ (10) बीमार हुए, जिन्हें रेडक्रास अस्पताल में भर्ती कराया गया। चंदर मार्ग निवासी भावेश (19), आदित्य (17), हर्षिता (17), अथर्व (16), दिव्यांशी (14) और वाणी (11) पीलिया से पीड़ित हैं।
12वीं की छात्रा अलीना (16) 15 दिनों से बीमार हैं और हालत बिगड़ने के कारण प्री-बोर्ड परीक्षा नहीं दे सकीं। लक्षिता कोठिया (9), गीतांश बरोरे (12), कसफ, मो. उमर, दक्ष, उमा, रुद्र और निधि भी बीमार बताए जा रहे हैं।
रहवासियों का आरोप है कि नर्मदा जल की पाइपलाइन नालियों के बीच से गुजर रही है, जिससे गंदगी पानी में मिल रही है। हालांकि अब तक किसी लीकेज की पुष्टि नहीं हुई है।
बीएमओ डॉ. योगेश सिंगारे के निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग ने घर-घर जाकर मरीजों के सैंपल लिए। गुरुवार शाम तक आठ बच्चों के सैंपल लिए जा चुके हैं। विभाग के अनुसार 21 लोगों के बीमार होने की पुष्टि हुई है।
देर रात करीब नौ बजे विधायक उषा ठाकुर ने क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने रहवासियों से चर्चा कर पानी उबालकर पीने की सलाह दी और कहा कि यदि पाइपलाइन नाली में है तो उसे बाहर कराया जाए।