इंदौर के सांवेर में घर से चल रही आयुर्वेदिक सीरप फैक्ट्री के सैंपल फेल, संचालक पर FIR दर्ज
सांवेर तहसील के धरमपुरी सोलसिंदा स्थित रेबिहांस हर्बल प्राइवेट लिमिटेड द्वारा घर में तैयार की जा रही आयुर्वेदिक कफ सीरप के सैंपल जांच में फेल हो गए। ब ...और पढ़ें
Publish Date: Wed, 21 Jan 2026 10:40:00 PM (IST)Updated Date: Wed, 21 Jan 2026 10:40:00 PM (IST)
FIR दर्जHighLights
- सांवेर में घर के अंदर बिना लैब और मानक के बन रही थी आयुर्वेदिक सीरप
- ग्वालियर लैब की जांच में फेल हुए सैंपल, तय मानकों पर नहीं उतरी खरी
- बीएससी (मैथ्स) केमिस्ट बना रहा था दवा, कलेक्टर के आदेश पर संचालक पर FIR
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। सांवेर तहसील के धरमपुरी सोलसिंदा स्थित रेबिहांस हर्बल प्राइवेट लिमिटेड द्वारा घर में तैयार की जा रही आयुर्वेदिक कफ सीरप के सैंपल जांच में फेल हो गए। बीते साल दिसंबर में जिला प्रशासन और आयुष विभाग द्वारा सैंपल लिए गए थे। इन सैंपलों को जांच के लिए ग्वालियर भेजा गया था, जिनकी रिपोर्ट प्राप्त हो चुकी है। अब कंपनी संचालक पर एफआईआर कराई गई है।
बिना सुरक्षा मानकों और लैब के घर में चल रहा था काम
दरअसल धरमपुरी के एक घर में बिना लाइसेंस, लैब और सुरक्षा मानकों के आयुर्वेदिक सीरप बनाई जा रही थी। अवैध रूप से संचालित इस फैक्ट्री को प्रशासन ने सील कर दिया था और जांच के लिए सैंपल भेजे थे। जांच में कफ सीरप तय मानकों पर खरा नहीं उतर सका। गौरतलब है कि यह फर्म सुखलिया निवासी सुरेंद्र सिंह के निर्देशन में संचालित होना पाई गई थी।
अयोग्य केमिस्ट बना रहा था 30 से अधिक प्रकार की दवाइयां
जांच के दौरान मौके पर केमिस्ट संजय डेविड कार्यरत मिले, जिन्होंने बीएससी मैथ्स किया था। डेविड ने जांच के दौरान बताया था कि सीरप निर्माण का अनुभव एमको फार्मा में कार्य के दौरान उन्हें प्राप्त हुआ। केमिस्ट के पास निर्धारित तकनीकी योग्यता और अधिकृत अनुभव नहीं पाया गया। इस फैक्ट्री में 30 से अधिक प्रकार के कफ सीरप पाए गए थे। इन उत्पादों पर मनोमय लाइफ केयर प्राइवेट लिमिटेड जिरकपुर पंजाब, रेबिहांस बायोटेक प्रालि देहरादून आदि अंकित पाया गया था।
प्रशासन की टीम ने आयुर्वेदिक कफ सीरप कंपनी की जांच की थी। कंपनी के पास लाइसेंस था, लेकिन जांच के लिए भेजे गए सीरप के सैंपल फेल हुए हैं। कंपनी संचालक पर एफआईआर दर्ज कराई गई है। - शिवम वर्मा, कलेक्टर इंदौर