जबलपुर सीएमएचओ संजय मिश्रा पर गिरी घोटाले की गाज, हुए निलंबित, भोपाल अटैच
मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में फर्जी देयकों के माध्यम से साईनेज निर्माण तथा स्वास्थ्य केन्द्र सामग्री के नाम से भोपाल की निजी कंपनी को बिन ...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 03 Apr 2026 10:01:42 PM (IST)Updated Date: Fri, 03 Apr 2026 10:08:56 PM (IST)
जबलपुर सीएमएचओ संजय मिश्राHighLights
- फर्जी देयक लगाकर भुगतान का मामला, फार्मासिस्ट निलंबित।
- जिला कार्यक्रम प्रबंधक, एक अन्य फार्मासिस्ट की बदली हुई।
- 3 अगस्त 2022 को सीएमएचओ बने मिश्रा आरोपों से घिरे रहे।
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। लगातार घोटाले दर घोटाले की आंच आखिरकार सीएमएचओ जबलपुर डा संजय मिश्रा तक पहुंच गई और तत्काल प्रभाव से आयुक्त लोक स्वास्थ्य व चिकित्सा शिक्षा विभाग ने निलंबित कर दिया है। प्रभारी मुख्य चिकित्सा व स्वास्थ्य अधिकारी, जिला जबलपुर सह क्षेत्रीय संचालक, स्वास्थ्य सेवाएं जबलपुर संभाग यानी दो प्रमुख पदों से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही निलंबन काल में मिश्रा का मुख्यालय कार्यालय क्षेत्रीय संचालक, स्वास्थ्य सेवाएं भोपाल संभाग नियत किया गया है। उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी।
गुरुवार को तीन नपे
- ज्ञात हो कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने गुरुवार को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय में फर्जी देयक लगाकर भुगतान किए जाने के प्रकरण में दोषी पाए जाने पर स्टोरकीपर का दायित्व संभाल रहे फार्मासिस्ट नीरज कौरव को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के बाद संविदा आधार पर नियुक्त जिला कार्यक्रम प्रबंधक आदित्य तिवारी एवं फार्मासिस्ट जवाहर लोधी को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय से हटाकर जांच पूरी होने तक सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र सिहोरा में पदस्थ कर दिया था।
संविदा आधार पर इन दोनों कर्मचारियों के विरूद्ध कार्यवाही का प्रस्ताव डायरेक्टर एनएचएम को भेजा गया था। 93 लाख के घोटाले में चार निपटे
- महत्वपूर्ण है कि सीएमएचओ संजय मिश्रा सहित चार पर घोटाले की गाज गिरी है।
- मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में फर्जी देयकों के माध्यम से साईनेज निर्माण तथा स्वास्थ्य केन्द्र सामग्री के नाम से भोपाल की निजी कंपनी को बिना सामग्री प्राप्त हुये भुगतान किए जाने की शिकायतें प्राप्त होने पर डिप्टी कलेक्टर रघुवीर सिंह मरावी के नेतृत्व में जांच दल गठित किया था।
- जांच में पाया गया कि 12 फर्जी देयकों के माध्यम से भोपाल की सिंह एंटरप्राइजे़ज को साइनेज एवं स्वास्थ्य केन्द्र सामग्री के नाम से 93 लाख 04 हजार 998 रूपये का भुगतान किया जा चुका है।
- जबकि, भौतिक रूप से यह सामग्री प्राप्त ही नहीं हुई थी। जांच रिपोर्ट को आगे की कार्यवाही के लिए डायरेक्टर एनएचएम भोपाल को प्रेषित कर दिया गया है।
चार साल कुर्सी संभालने के बाद दामन दागदार
महत्वपूर्ण है कि बतौर पैथालाजिस्ट एलगिन में सेवाएं देते हुए संजय मिश्रा चर्चाओं में आए थे और फिर 3 अगस्त 2022 उन्हें सीएमएचओ की कुर्सी संभाली थी। उनहोंने डा रत्नेश कुरारिया से यह दायित्व लिया था।