MP हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, डॉक्टर्स को मिलेगा 8% वार्षिक वेतनवृद्धि का लाभ, 2018 से एरियर्स देने के निर्देश
एमपी हाई कोर्ट ने डॉक्टर्स के पक्ष में महत्वपूर्ण आदेश पारित किया है। कोर्ट ने उन्हें प्राप्त अंतिम वेतन से आठ प्रतिशत वार्षिक वेतनवृद्धि का लाभ दिए ज ...और पढ़ें
Publish Date: Sat, 28 Feb 2026 10:52:44 PM (IST)Updated Date: Sat, 28 Feb 2026 10:52:44 PM (IST)
डॉक्टर्स को मिलेगा 8% वार्षिक वेतनवृद्धि का लाभ।HighLights
- कोर्ट से सरकारी डॉक्टर्स को बड़ी राहत
- 8% वार्षिक वेतनवृद्धि का मिलेगा लाभ
- 2018 से एरियर्स का भी होगा भुगतान
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति विशाल धगट की एकलपीठ ने शासकीय अस्पतालों में कार्यरत सुपरस्पेशियलिटी डॉक्टर्स के पक्ष में महत्वपूर्ण आदेश पारित किया है। कोर्ट ने उन्हें प्राप्त अंतिम वेतन से आठ प्रतिशत वार्षिक वेतनवृद्धि का लाभ दिए जाने व छह प्रतिशत ब्याज के साथ 2018 से एरियर्स का भुगतान करने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने इसके अलावा उन्हें ऑपरेशन व हस्तक्षेप उपचार से प्राप्त राजस्व की 20 प्रतिशत राशि का भुगतान करने को भी कहा है। स्पष्ट किया कि उपरोक्त भुगतान के लिए एक नियम है, लिहाजा सरकार नियमों के विपरीत नहीं जा सकती।
वेतनवृद्धि की गणना पर डॉक्टर्स एसोसिएशन की दलील
सुपरस्पेशियलिटी डॉक्टर्स एसोसिएशन रीवा की ओर से अधिवक्ता अमित सिंह ने पक्ष रखा। उन्होंने दलील दी कि सरकार वेतनवृद्धि की गणना प्रारंभिक वेतन से कर रही है। डॉक्टर्स को हर साल मिलने वाली वेतनवृद्धि को अगले वर्ष की वेतनवृद्धि की गणना में नहीं जोड़ा जाता। मांग की गई कि अंतिम वेतन से वेतनवृद्धि का लाभ प्रदान करें।
अधिसूचना के नियमों की व्याख्या और कोर्ट की टिप्पणी
इस पर कोर्ट ने कहा कि 2018 की अधिसूचना के नियम के अनुसार प्रत्येक वर्ष आठ प्रतिशत की वेतनवृद्धि दी जानी है। यदि निर्धारित प्रारंभिक वेतन से वेतनवृद्धि दी जाती है, तो वास्तव में एक वर्ष के बाद कोई वेतनवृद्धि नहीं होगी। पूरी सेवा अवधि में सुपरस्पेशियलिटी डॉक्टर को प्रारंभिक वेतन से केवल आठ प्रतिशत की वेतनवृद्धि ही मिलेगी।
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आयुक्त का आदेश निरस्त, एरियर्स भुगतान के निर्देश
कोर्ट ने इस संबंध में जारी आयुक्त के आदेश को भी निरस्त कर दिया। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि गणना अंतिम आहरित वेतन के आधार पर होनी चाहिए ताकि डॉक्टर्स को वास्तविक लाभ मिल सके। अब सरकार को 2018 से रुके हुए एरियर्स का भुगतान ब्याज सहित करना होगा।