
नईदुनिया प्रतिनिधि, मंदसौर। इंस्टाग्राम पर एक युवती के नाम से बनाई गई फर्जी आईडी ही भंडारिया निवासी हरीश गायरी की आत्महत्या का कारण बन गई थी। मामले की जांच में भावगढ़ पुलिस ने आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में पांच नाबालिग सहित 8 आरोपितों को गिरफ्तार किया है। शुक्रवार को पुलिस ने सभी आरोपितों को न्यायालय में पेश किया, जहां से तीन को जेल और पांच नाबालिगों को बाल सुधार गृह रतलाम भेजा गया है।
मिली जानकारी के अनुसार ग्राम भंडारिया निवासी हरीश गायरी की मौत के बाद जांच में मिला कि इंटरनेट मीडिया पर युवती के नाम से फर्जी आईडी बनाने के बाद उससे जुड़े घटनाक्रम ने उसे मानसिक परेशान कर दिया था। इस मामले में युवती एवं उसके स्वजन भी हरीश के घर पहुंचे थे।
पुलिस ने आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज कर कार्रवाई की गई। पुलिस ने मामले में आरोपित आशीष, उज्जवल और प्रगति उर्फ रानू के अलावा पांच नाबालिग को गिरफ्तार किया है। शुक्रवार को गांव भंडारिया में पुलिस ने गिरफ्तार आरोपित का जुलूस निकाला। भावगढ़ थाना प्रभारी वरसिंह कटारा ने बताया कि हरीश गायरी की मौत के मामले 8 आरोपितों को गिरफ्तार किया है। इनमें से 3 आरोपितों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है। जबकि 5 नाबालिगों को किशोर न्याय बोर्ड के निर्देशानुसार बाल सुधार गृह रतलाम भेजा गया है।
भवानीमंडी। पचपहाड़ के गरोठ फाटक के पास 14 मई को संदिग्ध परिस्थितियों में हुई जगदीश लौहार की हत्या के मामले में पुलिस आरोपित तक पहुंच गई है। लगभग 24 दिन तक चले तकनीकी विश्लेषण, साक्ष्य संकलन और मनोवैज्ञानिक जांच के बाद पुलिस ने अंधे कत्ल का खुलासा करते हुए आरोपित रामसिंह सौंधिया राजपूत को गिरफ्तार कर लिया है। वह मृतक का दोस्त ही है।
एसपी अमित कुमार ने बताया कि 14 मई को पचपहाड़ के पास गरोठ फाटक क्षेत्र में जगदीश पुत्र कन्हैयालाल लौहार निवासी पचपहाड़ का शव मिला था। इस मामले में राहुल पांचाल ने पुलिस को प्रार्थना पत्र देकर जगदीश की मृत्यु की जांच की मांग की थी। मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों ने शव मिलने के स्थान पर आस-पास से साक्ष्य जुटाए। एफएसएल टीम से वैज्ञानिक जांच कराई। मृतक के शरीर पर गंभीर चोट के निशान मिलने और संदिग्ध परिस्थियां होने पर हत्या की आशंका पर जांच शुरू की।
थानाधिकारी प्रमोद कुमार के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल के आसपास के लोगों से पूछताछ की, तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया तथा संदिग्ध व्यक्तियों की गतिविधियों की पड़ताल की। पारंपरिक जांच के साथ मनोवैज्ञानिक तरीके से संदिग्धों से पूछताछ की। इस दौरान मिले तथ्यों के आधार पर पुलिस ने रामसिंह पुत्र गोपालसिंह सौंधिया राजपूत निवासी गुराड़िया माना, थाना भवानीमंडी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर उसकी भूमिका सामने आने पर गिरफ्तार कर हत्या कर मामला दर्ज कर लिया है।
दोबारा नीट देने की हिम्मत नहीं, लिखकर मऊगंज की छात्रा समीक्षा ने की खुदकुशी