Raisen News: पति ने ड्राइवर के साथ मिलकर कटनी कोर्ट से लौटते समय कर दी थी पत्नी की हत्या
कोर्ट ने 15 गवाहों की गवाही, 44 दस्तावेजों और पुलिस जांच के सबूतों को ध्यान में रखते हुए बृजेंद्र और उसके ड्राइवर सुहाग को हत्या और साक्ष्य छुपाने का ...और पढ़ें
Publish Date: Mon, 28 Oct 2024 02:30:59 PM (IST)Updated Date: Mon, 28 Oct 2024 02:30:59 PM (IST)
कोर्ट की प्रतीकात्मक तस्वीर।HighLights
- पति व हत्या में सहयोगी ड्राइवर को कोर्ट ने सुनाई उम्रकैद की सजा
- प्रियंका चौकसे के गले पर खरोंचें और दम घुटने के निशान मिले।
- 15 गवाहों की गवाही, 44 दस्तावेजों के सबूतों दोनों को सजा सुनाई।
नवदुनिया प्रतिनिधि, रायसेन। पति बृजेंद्र मालवीय और उसके ड्राइवर सुहाग उर्फ रॉबी बमरेले को प्रियंका चौकसे की हत्या के मामले में उम्रकैद की सजा सुनाई है। यह घटना 15-16 मार्च 2022 की रात रायसेन के उदयपुरा क्षेत्र की है, जहां दोनों ने प्रियंका का गला दबाकर हत्या कर दी और इसे सड़क हादसे का रूप देने का प्रयास किया। बृजेंद्र का अपनी पत्नी का विवाद चल रहा था, जिसका कटनी न्यायालय में प्रकरण चल रहा था। इसी प्रकरण में ब्रजेंद्र ने राजीनामा के लिए पत्नी को मना लिया था और उसे लेकर कटनी कोर्ट गया यह, वहा से लौटते समय उसने घटना को अंजाम दिया।
कटनी ऑर्डनेंस फैक्टरी में रहने वाली प्रतिभा चौकसे ने कोर्ट में बताया कि उसकी बड़ी बेटी प्रियंका की शादी 13 फरवरी 2013 को बृजेंद्र मालवीय से हुई थी, लेकिन शादी के बाद से ही उनके बीच विवाद रहने लगा था। इस विवाद के चलते प्रियंका ने पति के खिलाफ भरण-पोषण का केस दर्ज किया था।
जिसकी सुनवाई के लिए 14 मार्च 2022 को दोनों कटनी कोर्ट पहुंचे। इस पेशी के दौरान भी बृजेंद्र ने प्रियंका के साथ बहस और झगड़ा किया था। पेशी के बाद प्रियंका की तबीयत खराब थी, और वह वापस इटारसी नहीं जाना चाहती थी, लेकिन बृजेंद्र उसे बहला-फुसलाकर रात में अपने ड्राइवर सुहाग के साथ कार में ले गया।
15-16 मार्च की रात, बृजेंद्र और उसके ड्राइवर ने मिलकर प्रियंका की गला दबाकर हत्या की और फिर इसे दुर्घटना का रूप देने की योजना बनाई। पुलिस जांच में सामने आया कि ड्राइवर सुहाग ने बृजेंद्र के कहने पर कार का कांच तोड़ा ताकि यह एक सड़क दुर्घटना लगे।
बृजेंद्र ने पुलिस को बताया कि वह इटारसी लौटते समय कार चला रहा था, और ड्राइवर पीछे की सीट पर सो रहा था। उदयपुरा के पास कार अनियंत्रित होकर खेत में उतर गई। लेकिन पुलिस ने जब घटनास्थल की जांच की और पोस्टमार्टम रिपोर्ट को देखा, तो इस कहानी की सच्चाई सामने आई। इस मामले में पुलिस ने चारों एंगल से काम कि या था और कोर्ट के समक्ष पक्के सबूत और गवाह उपलब्ध कराएं थे।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दम घुटने की पुष्टि
उदयपुरा सीएचसी में डॉक्टर महेंद्र सिंह धाकड़ ने प्रियंका का पोस्टमार्टम किया, जिसमें गले पर गोलाकार खरोंचें और दम घुटने के निशान मिले। रिपोर्ट के अनुसार, प्रियंका की मौत गला दबाने के कारण हुई थी, जो एक्सीडेंट की कहानी को पूरी तरह गलत साबित कर रही थी।