
नईदुनिया प्रतिनिधि, सतना। वन भूमि पर बढ़ते अतिक्रमण को रोकने के लिए वन विभाग ने वन परिक्षेत्र सतना अंतर्गत जमोड़ी-खजुराहा वन क्षेत्र में प्रभावी कार्रवाई की। वनमंडल अधिकारी सतना के निर्देशन एवं मार्गदर्शन में कक्ष क्रमांक RF782 में चलाए गए अतिक्रमणरोधी अभियान के दौरान करीब 8 हेक्टेयर वन क्षेत्र में अतिक्रमण की कोशिश विफल कर दी गई। कार्रवाई के दौरान वन भूमि पर बनाई गई दो अवैध खाली झोपड़ियों को भी गिराया गया।
अतिक्रमणरोधी अभियान में वन परिक्षेत्र अधिकारी सतना के नेतृत्व में वन अमले के साथ नायब तहसीलदार सतना और पुलिस बल की मौजूदगी रही। संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर वन भूमि का निरीक्षण किया और अतिक्रमण की संभावनाओं को देखते हुए आवश्यक कार्रवाई की। इसके साथ ही वन क्षेत्र में पशुओं के प्रवेश एवं वन भूमि को नुकसान से बचाने के लिए पशु अवरोधक खंती का निर्माण भी कराया गया।
अभियान के दौरान वन भूमि की सुरक्षा के साथ-साथ सागौन रोपण क्षेत्र को सुरक्षित रखने के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए। वन विभाग की इस कार्रवाई से वन क्षेत्र में अतिक्रमण करने वालों में हड़कंप की स्थिति रही। विभाग ने स्पष्ट किया है कि वन भूमि संरक्षण, पौधरोपण क्षेत्रों की सुरक्षा और अतिक्रमण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए आगे भी अभियान लगातार जारी रहेगा।
बताया गया कि संबंधित क्षेत्र में वन विभाग द्वारा सागौन रूटशूट रोपण का कार्य किया जा रहा है। पूर्व में कुछ अतिक्रमणकारियों द्वारा रोपण एवं अन्य विभागीय कार्यों में बाधा उत्पन्न की जा रही थी। वन अमले को शासकीय कार्य करने से रोकने तथा कर्तव्य निर्वहन में बाधा पहुंचाने की शिकायतें भी सामने आई थीं। इसे देखते हुए वन विभाग ने क्षेत्र में अतिक्रमण रोकने के लिए अभियान तेज किया है।
वन विभाग के अनुसार संबंधित क्षेत्र में अतिक्रमण से जुड़े प्रकरण पहले से पंजीबद्ध हैं और उनमें बेदखली आदेश जारी करने की प्रक्रिया भी की जा रही है। विभाग का कहना है कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार के नए अतिक्रमण को स्वीकार नहीं किया जाएगा तथा पूर्व में किए गए अतिक्रमणों को भी नियमानुसार हटाने की कार्रवाई जारी रहेगी।
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