होर्मुज में जहाजों पर हमलों के बीच भारत का कड़ा रुख, विदेश मंत्रालय ने उठाया बड़ा कदम, अमेरिकी मिशन के प्रभारी को किया तलब
ओमान के तट और होर्मुज क्षेत्र के आसपास व्यापारिक जहाजों पर लगातार हो रहे हमलों को लेकर भारत ने कड़ा रुख अपनाया है। ...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 12 Jun 2026 03:57:24 PM (IST)Updated Date: Fri, 12 Jun 2026 03:57:24 PM (IST)
HighLights
- बैठक में हालिया घटनाओं पर भारत का पक्ष रखा
- लापता तीन भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि
- जहाजों पर हमले की यह लगातार तीसरी घटना
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। ओमान के तट और होर्मुज क्षेत्र के आसपास व्यापारिक जहाजों पर लगातार हो रहे हमलों को लेकर भारत ने कड़ा रुख अपनाया है। भारतीय विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को नई दिल्ली स्थित अमेरिकी मिशन के कार्यवाहक प्रमुख जेसन मीक्स को तलब कर अपनी चिंताओं से अवगत कराया और समुद्री मार्गों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
दरअसल, गुरुवार को एक और व्यापारिक जहाज पर हमला हुआ, जिसमें 20 भारतीय चालक दल के सदस्य सवार बताए गए हैं। अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर भारत सरकार ने गहरी चिंता व्यक्त की है।
बैठक में हालिया घटनाओं पर भारत का पक्ष रखा
विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने अमेरिकी मिशन के प्रतिनिधि के साथ बैठक में हालिया घटनाओं पर भारत का पक्ष रखा। बताया जा रहा है कि इस मुद्दे पर अमेरिकी मिशन को तलब किए जाने का यह दूसरा मामला है।
लापता तीन भारतीय नाविकों की मौत की आधिकारिक पुष्टि
इस बीच, हमलों से जुड़ी एक दुखद जानकारी भी सामने आई है। पहले हुए एक हमले के बाद लापता तीन भारतीय नाविकों की मौत की आधिकारिक पुष्टि कर दी गई है। भारत ने स्पष्ट किया है कि अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों पर जहाजों और नागरिक नाविकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा ऐसे हमलों को किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जा सकता।
जहाजों पर हमले की यह लगातार तीसरी घटना
गौरतलब है कि क्षेत्र में जारी तनाव के बीच भारतीय चालक दल वाले जहाजों पर हमले की यह लगातार तीसरी घटना बताई जा रही है। इससे पहले भी ओमान के तट के पास हुई एक घटना में तीन भारतीय नाविकों की जान चली गई थी।
भारतीय नाविकों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं और बढ़ी
ताजा मिसाइल हमले के बाद खाड़ी क्षेत्र के समुद्री मार्गों से गुजरने वाले भारतीय नागरिकों और नाविकों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं और बढ़ गई हैं। विदेश मंत्रालय और संबंधित भारतीय दूतावास पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं तथा प्रभावित भारतीयों की स्थिति की लगातार निगरानी कर रहे हैं।