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काफिला रुका, दोस्ती ने खींचा अपने पास: सड़क किनारे नारियल बेच रहे बचपन के दोस्त से मिले यूपी के डिप्टी CM ब्रजेश पाठक

अचानक सामने अपने बचपन के मित्र को देखकर भरत कुछ पल के लिए भावुक हो गए। उनकी आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े। ब्रजेश पाठक ने भी बिना किसी औपचारिकता के द...और पढ़ें

By Digital DeskEdited By: manoj dubey
Publish Date: Mon, 17 Aug 2026 12:54:08 PM (IST)Updated Date: Mon, 17 Aug 2026 12:54:52 PM (IST)
काफिला रुका, दोस्ती ने खींचा अपने पास: सड़क किनारे नारियल बेच रहे बचपन के दोस्त से मिले यूपी के डिप्टी CM ब्रजेश पाठक

HighLights

  1. पुराने दोस्त को देख काफिला रुकवाया
  2. ब्रजेश पाठक ने दोस्त को गले लगाया
  3. दोस्त के ठेले पर पिया नारियल पानी

डिजिटल डेस्क, कानपुर। सत्ता और सियासत की व्यस्तता के बीच दोस्ती का एक ऐसा दृश्य सामने आया, जिसने कुछ पल के लिए राजनीतिक तामझाम को पीछे छोड़ दिया। भाजपा की तिरंगा यात्रा के बाद लखनऊ लौट रहे उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने रतनलाल नगर में अचानक अपना काफिला रुकवा दिया।

सड़क किनारे नारियल का ठेला लगाए एक शख्स पर उनकी नजर पड़ी तो वे सीधे उसके पास पहुंच गए। वह कोई आम परिचित नहीं, बल्कि उनके बचपन के दोस्त भरत तिवारी थे।

पुराने दोस्त को देख काफिला रुकवाया

14 अगस्त को भाजपा दक्षिण की तिरंगा यात्रा में शामिल होने के बाद ब्रजेश पाठक लखनऊ लौट रहे थे। उनके साथ भाजपा दक्षिण के जिलाध्यक्ष शिवराम सिंह भी मौजूद थे। रतनलाल नगर पहुंचते ही उनकी नजर सड़क किनारे नारियल बेच रहे भरत तिवारी पर पड़ी। पुराने दोस्त को देखते ही उन्होंने काफिला रुकवाया और खुद ठेले तक पहुंच गए।


ब्रजेश पाठक ने दोस्त को गले लगाया

अचानक सामने अपने बचपन के मित्र को देखकर भरत कुछ पल के लिए भावुक हो गए। उनकी आंखों से खुशी के आंसू छलक पड़े। वहीं, ब्रजेश पाठक ने भी बिना किसी औपचारिकता के दोस्त को गले लगाया और उसका हालचाल पूछा। कुछ मिनटों के लिए ऐसा लगा मानो पद और प्रोटोकॉल सब पीछे छूट गए हों और सामने सिर्फ दो पुराने दोस्त हों।

दोस्त के ठेले पर पिया नारियल पानी

ब्रजेश पाठक ने भरत के ठेले पर खड़े होकर नारियल पानी पिया। इसी दौरान उनकी नजर भरत की अंगुली पर पड़ी। उन्होंने तुरंत चोट के बारे में पूछा। भरत ने बताया कि काम के दौरान चापड़ लगने से अंगुली में चोट आई थी। दोस्त की चोट सुनकर डिप्टी सीएम ने चिंता जताई और पूछा कि टिटनेस का इंजेक्शन लगवाया है या नहीं। भरत के हां कहने पर उन्होंने राहत की सांस ली।

भरत तिवारी रतनलाल नगर में सड़क किनारे नारियल का ठेला लगाते हैं और इसी से अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं। बातचीत के दौरान दोनों के बीच पुरानी यादें भी ताजा हुईं।

आज जनपद कानपुर के गोविंद नगर क्षेत्र में आयोजित "विशाल तिरंगा यात्रा" उपरांत श्री भरत तिवारी जी के नारियल पानी के प्रतिष्ठान पर पहुंच कर, उनसे स्नेहिल भेंट कर स्वादिष्ट नारियल पानी का आनंद लेते हुए। @BJP4India@BJP4UP#हर_घर_तिरंगा_2026#सशक्त_यूपी_सशक्त_भारत pic.twitter.com/3yphFTkhCt

— Brajesh Pathak (@brajeshpathakup) August 13, 2026

गमछा ओढ़ाकर किया सम्मानित

मुलाकात के दौरान ब्रजेश पाठक ने अपने पुराने दोस्त को गमछा ओढ़ाकर सम्मानित भी किया। उन्होंने भरत से आत्मीयता के साथ कहा कि काफी समय बाद मुलाकात हुई है और अगर कभी कोई परेशानी हो तो उन्हें जरूर याद करें।

दोस्त के मुंह से यह बात सुनकर भरत एक बार फिर भावुक हो गए। कुछ देर की इस मुलाकात में दोनों के बीच का अपनापन साफ नजर आया। रवाना होने से पहले उपमुख्यमंत्री ने नारियल पानी के 200 रुपये दिए और भरत को धन्यवाद कहा। इसके बाद उनका काफिला लखनऊ के लिए रवाना हो गया।

सोशल मीडिया पर वायरल हुआ दोस्ती का यह पल

इस पूरी मुलाकात का वीडियो सोशल मीडिया पर भी सामने आया है। खुद डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने अपने अकाउंट पर वीडियो साझा किया। वीडियो में एक ओर प्रदेश सरकार के वरिष्ठ मंत्री का काफिला दिखाई देता है तो दूसरी ओर सड़क किनारे ठेला लगाकर मेहनत करने वाला उनका बचपन का दोस्त।

राजनीतिक और सरकारी व्यस्तताओं के बीच दोस्ती का यह छोटा-सा पड़ाव सोशल मीडिया पर लोगों का ध्यान खींच रहा है। खासतौर पर जिस सहजता से ब्रजेश पाठक अपने पुराने दोस्त से मिले, उसने इस मुलाकात को एक सामान्य राजनीतिक कार्यक्रम से अलग भावनात्मक कहानी बना दिया।

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