'भारत से अमेरिका ईरान पर दाग रहा मिसाइल', US के दावों पर भारत ने दी कड़ी प्रतिक्रिया
भारत ने अमेरिकी नौसेना द्वारा ईरान के खिलाफ हमले में भारतीय बंदरगाहों के इस्तेमाल के दावे को पूरी तरह झूठा बताया। विदेश मंत्रालय ने इसे फेक खबर बताते ...और पढ़ें
Publish Date: Thu, 05 Mar 2026 11:04:04 AM (IST)Updated Date: Thu, 05 Mar 2026 11:17:13 AM (IST)
अमेरिका और ईरान के बीच भारत ने अमेरिका के दावों को किया खारिज। (फाइल फोटो)HighLights
- भारतीय बंदरगाहों के इस्तेमाल का दावा भारत ने खारिज
- विदेश मंत्रालय ने बयान को फेक और बेबुनियाद बताया
- पूर्व अमेरिकी कर्नल के इंटरव्यू से उठा विवाद
एजेंसी, नई दिल्ली। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच भारत ने अपने बंदरगाहों के इस्तेमाल से जुड़े एक दावे को सिरे से खारिज कर दिया है। विदेश मंत्रालय ने कहा है कि अमेरिकी नौसेना द्वारा ईरान के खिलाफ किसी भी सैन्य कार्रवाई के लिए भारतीय बंदरगाहों का इस्तेमाल किए जाने की बात पूरी तरह झूठी और बेबुनियाद है। सरकार ने लोगों से ऐसे दावों पर विश्वास न करने की अपील भी की है।
दरअसल, यह विवाद उस समय शुरू हुआ जब पूर्व अमेरिकी सेना कर्नल डगलस मैकग्रेगर ने वन अमेरिका न्यूज नेटवर्क (OAN) को दिए एक इंटरव्यू में दावा किया कि अमेरिकी नौसेना ईरान के खिलाफ जंग के दौरान भारतीय नौसैनिक अड्डों और बंदरगाहों पर निर्भर हो गई है।
मैकग्रेगर ने कहा कि अमेरिका के कई बेस और बंदरगाह सुविधाएं नष्ट हो चुकी हैं, जिसके कारण उसे भारत के बंदरगाहों पर निर्भर रहना पड़ रहा है। हालांकि, इस बयान के बाद यह मुद्दा तेजी से चर्चा में आ गया।
विदेश मंत्रालय ने बताया ‘फेक’ दावा
- भारत के विदेश मंत्रालय ने इस बयान पर तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए इसे पूरी तरह गलत बताया। मंत्रालय के फैक्टचेक अकाउंट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि OAN पर किए जा रहे दावे फेक और फॉल्स हैं।
मंत्रालय ने साफ किया कि भारत के किसी भी बंदरगाह का इस्तेमाल अमेरिकी नौसेना द्वारा ईरान के खिलाफ किसी ऑपरेशन में नहीं किया जा रहा है। मिडिल ईस्ट में तनाव पर भारत की चिंता
यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब मिडिल ईस्ट क्षेत्र में तनाव बढ़ा हुआ है। भारत ने क्षेत्रीय हालात पर चिंता जताते हुए सभी पक्षों से संयम बरतने और स्थिति को और बिगड़ने से रोकने की अपील की है। साथ ही नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर भी जोर दिया है।