डिजिटल डेस्क। अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के बाद क्षेत्र में बढ़े सैन्य तनाव का असर वैश्विक हवाई सेवाओं पर साफ दिखाई दे रहा है। ईरान की जवाबी मिसाइल कार्रवाई के बाद खाड़ी क्षेत्र का एयरस्पेस बड़े पैमाने पर बंद कर दिया गया, जिससे अंतरराष्ट्रीय उड़ानें बुरी तरह प्रभावित हुई हैं।
दुबई और अबू धाबी समेत कई प्रमुख हवाई अड्डों पर परिचालन अस्थायी रूप से रोक दिया गया है और हजारों यात्री फंसे हुए हैं।
दुबई और अल मकतूम एयरपोर्ट पर उड़ानें निलंबित
दुनिया के सबसे व्यस्त हवाई अड्डों में शामिल दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट और अल मकतूम इंटरनेशनल एयरपोर्ट (डीडब्ल्यूसी) पर सभी फ्लाइट ऑपरेशन अनिश्चितकाल के लिए रोक दिए गए हैं।
दुबई एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ने बयान जारी कर कहा कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोपरि है और एहतियातन यह कदम उठाया गया है। यात्रियों को एयरपोर्ट न आने और अपनी-अपनी एयरलाइनों से ताजा जानकारी लेने की सलाह दी गई है।
(फोटो- सोशल मीडिया)
एयरस्पेस लगभग खाली
फ्लाइट ट्रैकिंग प्लेटफॉर्म Flightradar24 के मुताबिक, हमलों के बाद ईरान, इराक, कुवैत, इजरायल और बहरीन के ऊपर का एयरस्पेस लगभग खाली हो गया। भारी ट्रैफिक के कारण वेबसाइट कुछ समय के लिए बाधित भी रही।
प्रमुख एयरलाइनों ने रोकी सेवाएं
- Emirates और Flydubai ने अस्थायी रूप से संचालन रोका।
- Etihad Airways ने अबू धाबी से उड़ानें निलंबित कीं।
- British Airways और Lufthansa ने तेल अवीव और बहरीन के लिए उड़ानें रद कीं।
- Air France ने तेल अवीव, बेरूत, दुबई और रियाद के लिए सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कीं।
यूरोपीय संघ के विमानन नियामक European Union Aviation Safety Agency (EASA) ने भी प्रभावित एयरस्पेस से दूर रहने की एडवाइजरी जारी की है।
(फोटो- सोशल मीडिया)
खाड़ी देशों में धमाकों की गूंज
ईरान ने अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाते हुए बैलिस्टिक मिसाइल हमले किए। धमाकों की आवाजें अबू धाबी, दुबई, दोहा, रियाद और मनामा तक सुनाई दीं। हमलों में यूएई स्थित अल धफरा एयर बेस, कतर के अल उदीद एयर बेस और कुवैत के अली अल सलेम एयर बेस को भी निशाना बनाए जाने की खबरें हैं। कुवैत में एक रनवे को नुकसान पहुंचने की सूचना है।
भारतीय उड़ानों पर बड़ा असर
भारत से खाड़ी देशों के लिए उड़ानें संचालित करने वाली एयरलाइनों ने भी बड़े पैमाने पर रद्दीकरण किए हैं। एअर इंडिया और IndiGo ने दुबई, दोहा, अबू धाबी, रियाद और जेद्दा के लिए करीब 85% उड़ानें अगले 48–72 घंटों के लिए रद या स्थगित की हैं। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने यात्रियों से फ्लाइट स्टेटस की पुष्टि करने की अपील की है।
आईजीआई एयरपोर्ट से उड़ान लौटी
इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा (दिल्ली) से तेल अवीव के लिए रवाना हुई एअर इंडिया की फ्लाइट AI-139 को ईरानी एयरस्पेस के करीब पहुंचने पर वापस लौटना पड़ा। इजरायली एयरस्पेस बंद होने के कारण पायलट ने सुरक्षा कारणों से यूटर्न लिया।
सामान्य दिनों में दिल्ली से मध्य पूर्व के लिए रोजाना 45–55 उड़ानें संचालित होती हैं, जिन पर मौजूदा संकट का सीधा असर पड़ा है।
लंबी दूरी की उड़ानों पर बढ़ेगा समय
पहले जो उड़ानें ईरान और इराक के ऊपर से गुजरती थीं, अब उन्हें मध्य एशिया (उज्बेकिस्तान/कजाकिस्तान) या तुर्किये के रास्ते डायवर्ट किया जा रहा है। इससे उड़ान समय में 2 से 4 घंटे तक की बढ़ोतरी हो सकती है।
मुंबई एयरपोर्ट पर 57 उड़ानें रद
पश्चिम एशिया संकट का असर छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा पर भी पड़ा है, जहां 57 उड़ानें रद की गईं। फिलहाल हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं। एयरलाइनों और विमानन प्राधिकरणों का कहना है कि स्थिति की लगातार समीक्षा की जा रही है और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे यात्रा से पहले अपनी फ्लाइट की स्थिति अवश्य जांच लें।