ईरान में सत्ता परिवर्तन की आहट, खामेनेई के बाद कौन संभालेगा कमान
ईरान की राजनीति एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय चर्चा के केंद्र में है। सवाल उठ रहा है कि यदि सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई के साथ कोई अनहोनी होती है, तो क ...और पढ़ें
Publish Date: Sun, 01 Mar 2026 10:08:02 AM (IST)Updated Date: Sun, 01 Mar 2026 10:08:37 AM (IST)
ईरान में सत्ता परिवर्तन की आहट, खामेनेई के बाद कौन संभालेगा कमानHighLights
- ईरान की राजनीति एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय चर्चा के केंद्र में
- खामेनेई के बाद सुप्रीम लीडर की कुर्सी किसे मिलेगी?
- 1979 की इस्लामी क्रांति के बाद खामेनेई पहले सर्वोच्च नेता बने
डिजिटल डेस्क। ईरान की राजनीति एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय चर्चा के केंद्र में है। सवाल उठ रहा है कि यदि सर्वोच्च नेता अयातुल्ला खामेनेई के साथ कोई अनहोनी होती है, तो क्या देश में सत्ता परिवर्तन होगा? और उनके बाद सुप्रीम लीडर की कुर्सी किसे मिलेगी?
अमेरिकी खुफिया एजेंसी CIA ने हालिया विश्लेषण में संकेत दिए हैं कि यदि खामेनेई की मृत्यु होती है या उनका स्वास्थ्य गंभीर रूप से प्रभावित होता है, तो ईरान की शक्तिशाली रिवोल्यूशनरी गार्ड फोर्स (IRGC) का कोई कट्टरपंथी कमांडर उनका उत्तराधिकारी बन सकता है। यह आकलन पिछले दो हफ्तों की घटनाओं और क्षेत्रीय तनाव के विश्लेषण पर आधारित बताया जा रहा है।
क्या है अमेरिका का उद्देश्य?
विश्लेषकों का मानना है कि ईरान पर अमेरिकी दबाव और संभावित कार्रवाई का एक उद्देश्य वहां की सत्ता संरचना में बदलाव लाना भी हो सकता है। हालांकि इस दावे की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन क्षेत्रीय घटनाक्रम ने इस संभावना को बल दिया है।
इन परिस्थितियों को देखते हुए ईरान ने खामेनेई की सुरक्षा बेहद कड़ी कर दी है। सूत्रों के अनुसार वे पिछले कई हफ्तों से अज्ञात स्थान पर रह रहे हैं और उनके संभावित ठिकानों को सख्त सुरक्षा घेरे में रखा गया है।
उत्तराधिकार की तैयारी पूरी
CIA के आकलन के मुताबिक, ईरान ने ऐसी किसी भी आपात स्थिति के लिए पहले से तैयारी कर रखी है। यदि सर्वोच्च नेता का पद खाली होता है, तो नए नेता के चयन की प्रक्रिया तत्काल शुरू की जा सकती है। हालांकि संभावित नामों को लेकर अभी आधिकारिक तौर पर कुछ स्पष्ट नहीं है।
गौरतलब है कि ईरान की व्यवस्था में सर्वोच्च धार्मिक नेता ही देश का वास्तविक सत्ता प्रमुख होता है। राष्ट्रपति का पद उसके बाद आता है। राष्ट्रपति का चुनाव जनता के मत से होता है, लेकिन अंतिम निर्णय और रणनीतिक नियंत्रण सुप्रीम लीडर के हाथ में ही रहता है।
1979 की इस्लामी क्रांति के बाद खामेनेई पहले सर्वोच्च नेता बने
1979 की इस्लामी क्रांति के बाद अयातुल्ला खामेनेई पहले सर्वोच्च नेता बने थे। उनके निधन के बाद अली खामेनेई ने यह पद संभाला और वे ईरान के दूसरे सुप्रीम लीडर हैं। ऐसे में यदि भविष्य में नेतृत्व परिवर्तन की स्थिति बनती है, तो उसका असर केवल ईरान ही नहीं, बल्कि पूरे पश्चिम एशिया और वैश्विक राजनीति पर पड़ सकता है।